रीवा। प्रदेश में नशे के बढ़ते चलन को रोकने के लिए रीवा पुलिस द्वारा चलाए जा रहे “नशे से दूरी है जरूरी 2.0” अभियान के तहत थाना सगरा पुलिस ने एक अहम पहल की।
थाना प्रभारी दीपक तिवारी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने शासकीय उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सगरा पहुंचकर सैकड़ों छात्र-छात्राओं को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक किया और उन्हें नशे से दूर रहने की शपथ दिलाई।
“नशा दीमक की तरह, खा जाता है पूरा परिवार”
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए थाना प्रभारी दीपक तिवारी ने कहा कि नशा किसी व्यक्ति की जिंदगी ही नहीं, पूरे परिवार और समाज को बर्बाद कर देता है। उन्होंने कहा “नशा एक दीमक है जो हँसते-खेलते इंसान, परिवार और समाज को अंदर से खोखला कर देती है।”
उन्होंने बताया कि आज युवा वर्ग सबसे ज्यादा नशे की चपेट में आ रहा है। इसकी शुरुआत अक्सर शौक, दोस्तों के दबाव या मानसिक तनाव से होती है, लेकिन धीरे-धीरे यह जानलेवा लत बन जाती है।
क्या करें अगर तनाव हो?
थाना प्रभारी ने बच्चों को समझाया कि जीवन में तनाव आना स्वाभाविक है, लेकिन इसका समाधान नशा नहीं है। तनाव में अपनों से बात करें, शिक्षकों से मार्गदर्शन लें या काउंसलिंग की मदद लें। उन्होंने माता-पिता से भी अपील की कि वे अपने बच्चों के दोस्त बनें और उनके व्यवहार पर नजर रखें।
शपथ के साथ लिया संकल्प
कार्यक्रम के अंत में स्कूल के समस्त स्टाफ और बच्चों ने हाथ उठाकर संकल्प लिया कि वे नशे से खुद भी दूर रहेंगे और अपने परिवार व समाज को भी दूर रखेंगे।
स्कूल प्रबंधन ने पुलिस के इस प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे अभियान बच्चों के भविष्य को सुरक्षित बनाने में मददगार हैं।
इस दौरान स्कूल के शिक्षक, पुलिस स्टाफ और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
विवेक तिवारी रीवा संभाग ब्यूरो













